गांवदेहात डायरी तीन दिन से हमने गैस स्टोव का प्रयोग नहीं किया। हम लाई-चना या केले पर जिंदा नहीं रहे, न ही बाजार से पका हुआ भोजन खरीदा। घर में रोटी, पराठा, सब्जी, दाल, चावल—सब कुछ बना। स्वाद भी मिला और पौष्टिकता भी बनी रही। हमने न लकड़ी जलाई, न उपले खरीदे, न कोयले काContinue reading “युद्ध से मुक्ति की जुगत”
