उत्तर – रमानाथ अवस्थी की एक कविता का अंश


कविता हर एक के बस की बात नहीं है. मैं जो कुछ बनना चाहता था और नहीं बन पाया – उसमें काव्य लेखन भी एक आयाम है. इसलिये दूसरों की कविता से मन रमाना पड़ता है. रमानाथ अवस्थी की कविता/गीत मुझे बहुत प्रिय हैं. समय के विविध रंग देखते देखते समय से एक अजीब सम्मोहनContinue reading “उत्तर – रमानाथ अवस्थी की एक कविता का अंश”