महराजगंज कस्बे में हाईवे के ओवर ब्रिज़ की दीवार पर पेंट किये इन शब्दों का इश्तिहार मुझे समझ नहीं आया। इतना जरूर लगा कि यह मानव के अज्ञात, रूहानी भय को; और उसको किसी न किसी तरह अपने पक्ष में मोड़ने का भरोसा देने का व्यवसाय भारत में करोड़ों-अरबों का है। और यह सब इनफार्मलContinue reading “कलमा कुरान छल्ला कशी द्वारा रोज़ी रोटी”
