उच्च-मध्य वर्ग की अभद्र रुक्षता


तेज ब्रेक लगाने से मेरा वाहन रुक गया. हमारे ड्राइवर ने देखा कि ट्रैफिक सिगनल अचानक लाल हो गया है. वाहन स्टॉप-लाइन से तीन-चार कदम आगे चला गया था. ड्राइवर ने वाहन धीरे से बैक करना प्रारम्भ कर दिया. तब तक पीछे एक कार रुक चुकी थी. कार वाले ड्राइवर ने जोर से हॉर्न दिया.Continue reading “उच्च-मध्य वर्ग की अभद्र रुक्षता”

सन 2097 की पांच घटनायें (अनुगूँज 22)


# अनुगूँज 22: हिन्दुस्तान अमरीका बन जाए तो कैसा होगा # अब हिन्दुस्तान, अमेरिका आज तो बनने से रहा. यह इस सदी के अंत तक होगा. तब की कल्पना निम्न है. @सन 2097 की पांच घटनायें: 1. दलाल स्ट्रीट जर्नल को रूपर्ट भाई अम्बानी (अनिल अम्बानी के परपोते) की कम्पनी अम्बीको (रिलायंस वल्डवाइड का मीडियाContinue reading “सन 2097 की पांच घटनायें (अनुगूँज 22)”

मुद्राष्टाध्यायी नामक ग्रंथ रचने की गुहार


शिव कुमार मिश्र ने एसएमएस कर नये पर सशक्त शब्द – मुद्राभिषेक से परिचय कराया है. रुद्राष्टाध्यायी के आधार पर रुद्राभिषेक किया जाता है. भगवान शिव का शुक्लयजुर्वेदीय पूजन है यह. पर मुद्राभिषेक क्या है? उन्होने लिखा है कि अमुक सज्जन थे. हर वर्ष रुद्राभिषेक कराते थे श्रावण मास में. एक बार यह अनुष्ठान करनेContinue reading “मुद्राष्टाध्यायी नामक ग्रंथ रचने की गुहार”

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