विण्ढ़म प्रपात के आस पास


सुरेश विश्वकर्मा के मोबाइल पर फोन आते ही रिंगटोन में एक महिला अपने किसी फिल्मी पैरोडी के गायन में आश्वस्त करने लगती थी कि भोलेनाथ ने जैसे अनेकानेक लोगों का उद्धार किया है; उसी तरह तुम्हारा भी करेंगे। समस्या यह थी कि यह उद्धार उद्घोषणा बहुत जल्दी जल्दी होती थी। वह मेरे वाहन का ड्राइवरContinue reading “विण्ढ़म प्रपात के आस पास”

कुर्सियाँ बुनने वाला


मेरे दफ्तर में कॉरीडोर में बैठा मोनू आज कुर्सियाँ बुन रहा है। पुरानी प्लास्टिक के तार की बुनी कुर्सियों की फिर से बुनाई कर रहा है। बताता है कि एक कुर्सी बुनने में दो घण्टे लगते हैं। एक घण्टे में सीट की बुनाई और एक घण्टे में बैक की। दिन भर में तीन से चारContinue reading “कुर्सियाँ बुनने वाला”

मितावली स्टेशन के जीव


मितावली टुण्डला से अगला स्टेशन है दिल्ली की ओर। यद्यपि यहां से तीन दिशाओं में ट्रेने जाती हैं – दिल्ली, कानपुर और आगरा की ओर, पर तकनीकी रूप से इसे जंक्शन नहीं कहा जा सकता – आगरा की ओर यहां से केवल मालगाड़ियां जाती हैं। छोटा स्टेशन है यह – रेलवे की भाषा में रोडContinue reading “मितावली स्टेशन के जीव”

पी.जी. तेनसिंग की किताब से


पी.जी. तेनसिंग भारतीय प्रशासनिक सेवा के केरल काडर के अधिकारी थे। तिरालीस साल की उम्र में सन् २००६ में कीड़ा काटा तो सरकारी सेवा से एच्छिक सेवानिवृति ले ली। उसके बाद एक मोटर साइकल पर देश भ्रमण किया। फ्रीक मनई! उनके सहकर्मी उनके बारे में कहते थे – दार्शनिक, ढीला पेंच, दारू पीने के लियेContinue reading “पी.जी. तेनसिंग की किताब से”

टूण्डला – एतमादपुर – मितावली – टूण्डला


टूण्डला से आगरा जाने की रेल लाइन पर अगला स्टेशन है एतमादपुर। और टूण्डला से दिल्ली जाने के रास्ते में पहला स्टेशन है मितावली। इन तीनों स्टेशनों को जोडने वाला एक रेल लाइन का त्रिभुज बनता है। मैंने आठ अगस्त को उस त्रिभुज की यात्रा की। टूण्डला से हम एक पुश-ट्रॉली पर रवाना हुये। पुशContinue reading “टूण्डला – एतमादपुर – मितावली – टूण्डला”

टूण्डला की पुरानी क्रेन


टूण्डला फिरोज़ाबाद जिले का पुराना रेलवे शहर है। रेलवे लाइन यहां १९वीं सदी के उत्तरार्ध में बनी होगी। तब की इमारतें, वस्तुयें यहां उपलब्ध हैं। आज यार्ड में घूमते हुये मुझे यह सन् 1879 की हाथ से चलने वाली दस टन की क्रेन दिखी। बहुत सुन्दर। अब निश्चय ही काम में नहीं आती होगी –Continue reading “टूण्डला की पुरानी क्रेन”