तख्ते पर मसहरी लगी है और वह गहरी नींद सो रहा है। उसकी नयी चप्पल नीचे जमीन पर है। कोई उस्ताद अभी तक उसकी नयी चप्पल उड़ा कर नहीं ले गया?! जब वह गुमटी के अंदर सोता था तो चप्पल भी अंदर ही रखता था।
Category Archives: Village Life
मूरत यादव, भैंस का दूध और अमूल
“इहै तो गलत करत रहे। अमूल का तो कभी न लेना चाहिये। वह तो खूब घोल कर दूध में से ताकत खींच लेता है। बचा दूध जो देता है, उसमें कौन सेहत बनेगी?” – मंगत जी ने वह ज्ञान मुझे दिया जो अमूमन गांवदेहात में चल जाता है।
शिव जग यादव और अखबार
शिव जग जी भदोही में वाचमैन हैं। साइकिल पच्चीस किमी चला कर शाम को ड्यूटी पर जाते हैं और सवेरे यहां महराजगंज से अखबार लेते वापस लौटते हैं। एक दिन में 50किमी साइकिल चलाना!
