सुधीर जी की सहायता, प्रेम कांवरिया को मिला फीचर फोन


दस किलोमीटर आगे चलने पर शिवजी की कृपा से रात गुजारने का चहुचक इंतजाम रहा। कार्तिक नायक जी को अजीब लगा कि इतना चलने वाला व्यक्ति इतना अल्प भोजन करता है।

प्रेम पाण्डेय, कांवरिया का फोन आया


आज दोपहर में उनका फोन लगा पर कोई उत्तर नहीं मिला। मैंने दो बार कोशिश की। अचानक उनका फोन आया। बताया कि वे बनारस में ही विश्वनाथ मंदिर के पास किसी गेस्ट हाउस में हैं। जब मेरा फोन आ रहा था, तो वे थक कर सो रहे थे।

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