स्टेटस – प्रेमसागर अलीराजपुर में


माहेश्वर से मनावर, कुक्षी और फिर अलीराजपुर। कुल 130 किलोमीटर की यात्रा उन्होने तीन दिनों में सम्पन्न की है। इन तीन दिनों का विवरण – ट्रेवलब्लॉग (Travelblog) मैं सप्ताहांत में प्रस्तुत करूंगा। अब दैनिक पोस्टें, सवेरे इग्यारह बजे, स्टेटस के रूप में होंगी।

सहस्त्रार्जुन की राजधानी माहिष्मती (माहेश्वर)


लम्बी चौड़ी योजना बनाने वाला (पढ़ें – मेरे जैसा व्यक्ति) यात्रा पर नहीं निकलता। यात्रा पर प्रेमसागर जैसा व्यक्ति निकलता है जो मन बनने पर निकल पड़ता है। सो, प्रेमसागर मन बनने के साथ ही आगे की लम्बी यात्रा पर निकल पड़ेंगे।

बडवाह से माहेश्वर


नवम्बर का महीना और नदी घाटी का इलाका; कुछ सर्दी तो हो ही गयी होगी। आसपास को देखते हुये प्रेमसागर ने बताया कि दोनो ओर उन्हें खेती नजर आती है। जंगल नहीं हैं। गांव और घर भी बहुत हैं। लोग भी दिखाई देते हैं। रास्ता वीरान नहीं है।