किरीट सोलंकी के चित्र


पचहत्तर की उम्र। शारीरिक समस्यायें। जीवन साथी का विछोह। और अनुभवों का एक लम्बा कालखण्ड! किरीट जी अगर सम्पर्क में रहे हो सोचने और लिखने को बहुत कुछ होगा। रेलवे भी उसमें हो उसमें शायद!

कामाख्या से वापसी और डियाक पर विचार


चाय के बागान और उनके मालिकों के नाम पर मन में किसी अंग्रेज साहब या मेम की छवि मन में बनती है।
पर, जो चित्र प्रेमसागर ने जीवन पाल के घर-परिवार के भेजे, उनसे यह मिथक ध्वस्त हो गया।

#Status जल के लिये पाइप बिछाना


जिस तेजी से काम हो रहा है, उससे लगता है अगला चुनाव पानी पर लड़ा जायेगा!
भारत में अगर जल प्रबंधन का सिक्का जम गया तो भाजपाई “चार सौ पार” का नारा उसी पर गढ़ लेंगे। “जल आपके द्वार; भाजपा चार सौ पार।”

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