सोलर लाइट 


गांव में सोलर लाइट लग रही हैं – स्थानीय सांसद के माध्यम से. पावरग्रिड कार्पोरेशन की कार्पोरेट सोशल रिस्पॉन्सिबिलिटी के तहद.  सड़क और गलियों के यातायात को देख कर लगाई जाएं तो जहां लगेंगी, वहां से रात में नशेड़ी लोग उसकी बैट्री चुरा लेने में समय नहीं लगाएंगे. लिहाजा यह समझौते के आधार पर किसीContinue reading “सोलर लाइट “

श्यामबिहारी चाय की दुकान पर


श्यामबिहारी का परिचय पूछा मैंने। मेरे घर के पास उनकी गुमटी है। दो लडके हैं। बंबई में मिस्त्री के काम का ठेका लेते हैं। पहले श्यामबिहारी ही रहते थे बंबई। मिस्त्री का काम दिहाड़ी पर करते थे। बाईस साल किये। फिर उम्र ज्यादा हो गयी तो बच्चे चले गए उनकी जगह।  महानगर को माइग्रेशन काContinue reading “श्यामबिहारी चाय की दुकान पर”

एक भाग्यशाली (?!) नौजवान से मुलाकात


(यह मैने बतौर फेसबुक नोट पोस्ट किया हुआ है। ब्लॉग पर इसका परिवर्धित रूप रख रहा हूं। दस्तावेज के लिये।) वाराणसी में मैं सोनू (प्रमेन्द्र) उपाध्याय के रथयात्रा स्थित मेडिकल स्टाक-दफ़्तर में बैठा था। सोनू मेरे बड़े साले साहब (देवेन्द्र नाथ दुबे जी) के दामाद हैं। अत्यन्त विनम्र और सहायता को तत्पर सज्जन। वे मेरेContinue reading “एक भाग्यशाली (?!) नौजवान से मुलाकात”

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