नौजवानों; यह गलती न करना


गलतियों का भी कोटा होता है. कुछ लोग अपना कोटा जल्दी-जल्दी पूरा करते हैं, फिर उन्नति की राह पर सरपट दौड़ने लगते हैं. कुछ बार-बार एप्लिकेशन देकर अपना कोटा बढ़वाते रहते हैं. हमारे जैसे तो अपरिमित कोटा लेकर आते हैं. गलतियों से फुर्सत ही नहीं मिलती कि उन्नति की राह को झांक भी सकें. हमसेContinue reading “नौजवानों; यह गलती न करना”

क्या आप मस्तिष्क की चोटों पर वेब साइट बनाने में भागीदारी करेंगे?


(भुसावल के पास सन २००० में भस्म हुये पंजाब मेल के डिब्बे) मैं ब्रेन-इन्जरी के एक भीषण मामले का सीधा गवाह रहा हूं. मेरा परिवार उस दुर्घटना की त्रासदी सन २००० से झेलता आ रहा है. मैं जिस दुर्घटना की बात कर रहा हूं, उसमें मेरा बेटा दुर्घटना ग्रस्त था. फरवरी १९’२००० में पंजाब मेलContinue reading “क्या आप मस्तिष्क की चोटों पर वेब साइट बनाने में भागीदारी करेंगे?”

शहर में रहती है नीलगाय


शहर में आपसे 20-25 कदम पर चरती नीलगाय दिख जाये और आपको देख भागने की बजाय फोटो के लिए पोज देने लगे, तो कैसा लगेगा? आज मेरे साथ वही हुआ. इलाहाबाद में प्रयाग स्टेशन से फाफामऊ को जाने वाली रेल लाइन जब गंगा के पास पंहुचती है तब उस लाइन के दायें 200-250 मीटर कीContinue reading “शहर में रहती है नीलगाय”

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