रिटायरमेण्ट@45


मुझे यह विश्वास नहीं होता कि जब लॉगेविटी 100 साल की हो जायेगी तो पैंतालीस की उम्र में रिटायर हो कर लोग बाकी के पांच दशक सशक्त और रचनात्मक तरीके से विलासिता की हाय हाय में न फंसते हुए, हर साल नये बनते गैजेट्स को लेते बदलते रहने या नये मॉडल की सेल्फ ड्रिवन कार लिये बिना बिता सकेंगे।

बरसात में सुग्गी की सुबह


सुग्गी बहुत वाचाल है। कहती जाती है – “जीजी, बहुत काम है। मरने की फुर्सत नहीं है।” पर फिर भी रुक कर बातें खूब करती है। कई बार तो बातें खत्म कर जाने लगती है तब कुछ और याद आ जाने पर वापस लौट कर बताने-बतियाने लगती है।

मुराहू पंडित से दीर्घ जीवन के सूत्रों पर चर्चा


मुराहू पण्डित ने बताया – कम खाना, परिश्रम, व्यायाम, नियमित दिनचर्या और तनावमुक्त जीवन जीना – यही मुख्य बिंदु हैं। उन्होने जो कहा, वह वहीं अपनी साइकिल थामे, अपनी साइकिल पर बैठे बैठे मैंने मोबाइल में रिकार्ड किया।

Design a site like this with WordPress.com
Get started