शाम को देखने के लिये एक कोना तलाशो!


डेनमार्क के लोग Hygge – ह्यूगा की बात करते हैं प्रसन्नता के संदर्भ में। डेनमार्क दुनियाँ के प्रसन्नतम देशों में है। सर्दी का मौसम, गांवदेहात की यह जिंदगी, यह भी एक प्रकार का Hygge ही तो है!

पिछला साल प्रसन्नता के लिये कैसा रहा?


खर्चा कम हुआ। भागमभाग नहीं थी जिंदगी में। घर के हर एक मेम्बर में साफसफाई की आदत पड़ी। “मेरा तो मानना है कि हर साल कम से कम दस दिन का लॉकडाउन घोषित होना ही चाहिये।”

पहले का ग्रामीण रहन सहन और प्रसन्नता


लोग सामान्यत: कहते हैं कि पहले गरीबी थी, पैसा कम था, मेहनत ज्यादा करनी पड़ती थी, पर लोग ज्यादा सुखी थे। आपस में मेलजोल ज्यादा था। हंसी-खुशी ज्यादा थी। ईर्ष्या द्वेष कम था।

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